
भारतीय विशिष्ट पहचान प्राधिकरण (UIDAI) ने आधार कार्ड धारकों के लिए एक बड़ी खुशखबरी दी है। आधार को मुफ्त में अपडेट करने की समय सीमा को 14 जून 2025 से आगे बढ़ाकर अब 14 जून 2026 कर दिया गया है। यह फैसला करोड़ों लोगों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, खासकर उन नागरिकों के लिए जो अभी तक अपनी आधार डिटेल्स को ऑनलाइन अपडेट नहीं कर पाए थे। UIDAI के इस कदम से देशभर में फैले लाखों आधार केंद्रों पर होने वाले अपडेट का बोझ कम होगा और डिजिटल इंडिया की दिशा में एक और मजबूत कदम बढ़ेगा।
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फ्री अपडेट की नई समय सीमा
पहले यह मुफ्त सुविधा केवल myAadhaar पोर्टल या mAadhaar ऐप के जरिए 14 जून 2025 तक उपलब्ध थी, लेकिन अब इसे पूरे एक साल और बढ़ा दिया गया है। UIDAI ने स्पष्ट किया है कि यह सेवा केवल ऑनलाइन उपलब्ध है, जहां यूजर्स अपनी पहचान का प्रमाण (PoI) और पते का प्रमाण (PoA) जैसे दस्तावेज मुफ्त में अपलोड कर सकते हैं। नाम, पता, जन्म तिथि, लिंग जैसी जनसांख्यिकीय जानकारी को अपडेट करने का यह सुनहरा मौका है। हालांकि, बायोमेट्रिक डिटेल्स जैसे फोटो, फिंगरप्रिंट या आइरिस स्कैन के लिए नजदीकी आधार केंद्र जाना अनिवार्य रहेगा, जहां 50 रुपये का शुल्क देना पड़ेगा।
किसे करना चाहिए अपडेट
यह अपडेट खासतौर पर उन 10 करोड़ से अधिक आधार धारकों के लिए जरूरी है, जिनका आधार कार्ड 10 साल या उससे ज्यादा पुराना हो चुका है और तब से एक बार भी अपडेट नहीं हुआ। UIDAI के आंकड़ों के मुताबिक, देश में 130 करोड़ से ज्यादा आधार कार्ड जारी हो चुके हैं, लेकिन कई लोगों की जानकारी पुरानी या अपूर्ण होने से सरकारी योजनाओं, बैंकिंग सेवाओं और सब्सिडी वितरण में दिक्कतें आ रही हैं।
अपडेटेड आधार न केवल DBT (डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर) को सुगम बनाता है, बल्कि PAN कार्ड लिंकिंग, पासपोर्ट आवेदन और अन्य सरकारी पोर्टलों पर भी सहूलियत प्रदान करता है। अगर समय पर अपडेट नहीं किया गया, तो जून 2026 के बाद ऑनलाइन अपडेट पर भी शुल्क लग सकता है।
ऑनलाइन अपडेट की आसान प्रक्रिया
myAadhaar पोर्टल (myaadhaar.uidai.gov.in) पर जाकर आधार नंबर और रजिस्टर्ड मोबाइल पर आने वाले OTP से लॉगिन करें। ‘Document Update’ सेक्शन में जाएं, अपडेट करनी वाली डिटेल चुनें जैसे नाम या पता। वैध दस्तावेज जैसे वोटर आईडी, पासपोर्ट, राशन कार्ड, बिजली बिल या गैस कनेक्शन बिल को PDF/JPEG फॉर्मेट में अपलोड करें। सबमिट करने के बाद दोबारा OTP वेरिफाई करें। अपडेट प्रोसेसिंग में 10 से 90 दिन लग सकते हैं, जिसकी SMS अलर्ट मिलेगी। UIDAI की आधिकारिक वेबसाइट पर डॉक्यूमेंट लिस्ट चेक करें ताकि रिजेक्शन से बचें।
अपडेट क्यों है अनिवार्य
पुरानी जानकारी से आधार निष्क्रिय हो सकता है, जिससे KYC प्रक्रिया, लोन आवेदन या पेंशन जैसी सेवाएं प्रभावित होती हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि यह UIDAI का प्रोएक्टिव स्टेप है, जो डेटाबेस को अपडेट रखने और फ्रॉड रोकने में मदद करेगा। ग्रामीण क्षेत्रों में जहां आधार केंद्र दूर हैं, वहां ऑनलाइन सुविधा वरदान साबित होगी। हालांकि, UIDAI ने फर्जी ऐप्स और वेबसाइट्स से सावधान रहने की सलाह दी है। केवल uidai.gov.in डोमेन इस्तेमाल करें।
UIDAI के इस विस्तार से करोड़ों आम नागरिकों को फायदा होगा। अगर आपका आधार पुराना है, तो अभी अपडेट कर लें। समय रहते कार्रवाई से भविष्य की परेशानियां टल जाएंगी।
















