
अपना घर खरीदना हर इंसान का सबसे बड़ा सपना होता है, लेकिन एक छोटी सी लापरवाही इस सुनहरे सपने को उम्रभर की मुसीबत बना सकती है रियल एस्टेट सेक्टर में जालसाजी और कानूनी विवादों के बढ़ते मामलों को देखते हुए विशेषज्ञों ने खरीदारों को अलर्ट किया है अगर आप भी घर या फ्लैट खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो सौदे पर मुहर लगाने से पहले इन 5 अहम दस्तावेजों की पड़ताल जरूर कर लें।
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सेल डीड (Sale Deed): मालिकाना हक का पुख्ता सबूत
प्रॉपर्टी खरीदने की प्रक्रिया में ‘सेल डीड’ सबसे महत्वपूर्ण कानूनी दस्तावेज है। यह इस बात का प्रमाण है कि संपत्ति का मालिकाना हक कानूनी तौर पर विक्रेता से खरीदार को हस्तांतरित कर दिया गया है। ध्यान रहे कि यह दस्तावेज रजिस्ट्रार कार्यालय में पंजीकृत (Registered) होना अनिवार्य है।
ऑक्यूपेंसी सर्टिफिकेट (OC): रहने की कानूनी अनुमति
स्थानीय नगर निगम या विकास प्राधिकरण द्वारा जारी किया जाने वाला ‘ऑक्यूपेंसी सर्टिफिकेट’ यह सुनिश्चित करता है कि इमारत स्वीकृत नक्शे के अनुसार बनी है और वहां रहना सुरक्षित है। बिना OC वाली बिल्डिंग में रहना न केवल अवैध माना जा सकता है, बल्कि भविष्य में पानी और बिजली के कनेक्शन मिलने में भी दिक्कत आ सकती है।
भारमुक्त प्रमाणपत्र (Encumbrance Certificate): विवादों से सुरक्षा
यह सर्टिफिकेट (EC) यह स्पष्ट करता है कि संबंधित संपत्ति पर कोई पुराना बकाया कर्ज, गिरवी या कानूनी विवाद तो नहीं है। बैंक से होम लोन लेते समय भी इसकी सबसे ज्यादा जरूरत पड़ती है, क्योंकि यह प्रॉपर्टी के ‘क्लीन चिट’ होने का प्रमाण है।
म्यूटेशन सर्टिफिकेट (Mutation Certificate): सरकारी रिकॉर्ड में नाम
अक्सर लोग सेल डीड के बाद इसे भूल जाते हैं। म्यूटेशन (दाखिल-खारिज) वह प्रक्रिया है जिससे राजस्व विभाग के रिकॉर्ड में संपत्ति आपके नाम दर्ज होती है भविष्य में प्रॉपर्टी टैक्स भरने या संपत्ति बेचने के लिए यह दस्तावेज बेहद जरूरी है।
अनुमोदित बिल्डिंग प्लान (Approved Building Plan): निर्माण की वैधता
खरीदने से पहले यह जरूर जांचें कि बिल्डर के पास संबंधित अथॉरिटी से पास किया हुआ नक्शा है या नहीं यदि निर्माण स्वीकृत नक्शे के विपरीत पाया जाता है, तो प्रशासन उसे कभी भी अवैध घोषित कर ध्वस्त कर सकता है।
विशेषज्ञों का कहना है कि यदि आप निर्माणाधीन (Under-construction) प्रोजेक्ट में निवेश कर रहे हैं, तो सबसे पहले उसका RERA रजिस्ट्रेशन जरूर चेक करें। नियम अनुसार, कोई भी बिल्डर बिना रेरा नंबर के विज्ञापन या बिक्री नहीं कर सकता।
















