पंजाब नेशनल बैंक ने अपने ग्राहकों को बड़ा झटका देते हुए निष्क्रिय खातों को बंद करने का ऐलान किया है। अगर आपका खाता पिछले तीन साल से पूरी तरह सुस्त पड़ा है, तो 15 अप्रैल तक सुधार न करने पर 16 अप्रैल से इसे हमेशा के लिए बंद कर दिया जाएगा। बैंक का कहना है कि यह कदम ग्राहकों की सुरक्षा और फर्जी गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए उठाया जा रहा है। लाखों ग्राहक इस बदलाव से प्रभावित हो सकते हैं, खासकर वे जिनके जीरो बैलेंस खाते बिना किसी लेन-देन के पड़े हैं।

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निष्क्रिय खाते क्या हैं?
बैंकिंग नियमों के मुताबिक, अगर खाते में न तो कोई पैसे जमा हुए हों, न निकाले गए हों और न ही कोई ट्रांसफर किया गया हो, तो वह निष्क्रिय माना जाता है। सामान्यतः दो साल की सुस्ती के बाद खाते पर नजर रखी जाती है, लेकिन PNB ने तीन साल की सख्त समयसीमा तय की है। ऐसे खाते बंद होने पर पुराना अकाउंट नंबर हमेशा के लिए चला जाएगा। इससे ग्राहकों को नया नंबर लेना पड़ेगा और पुराने लिंक्ड सर्विसेज जैसे लोन या FD प्रभावित हो सकते हैं। विशेषज्ञ मानते हैं कि यह नीति बैंकों को साफ-सुथरा रखने में मदद करेगी।
डेडलाइन से पहले क्या करें?
समय तेजी से निकल रहा है। 15 अप्रैल तक खाते को सक्रिय करने के दो आसान रास्ते हैं। पहला, नजदीकी ब्रांच में जाकर KYC प्रक्रिया पूरी करें। इसके लिए आधार, PAN और फोटो जैसे दस्तावेज ले जाएं। KYC के साथ-साथ खाते में छोटी राशि जमा या निकालकर इसे जिंदा कर दें। दूसरा, डिजिटल तरीका अपनाएं, PNB का मोबाइल ऐप या ऑनलाइन पोर्टल से e-KYC अपडेट करें, बशर्ते आपका मोबाइल नंबर लिंक्ड हो। ब्रांच विजिट को प्राथमिकता दें, क्योंकि इसमें कोई जोखिम नहीं। बैंक ने SMS, ऐप नोटिफिकेशन और सोशल मीडिया के जरिए लाखों ग्राहकों को जागरूक करने की मुहिम चलाई है।
क्यों उठा रहा है PNB ये कदम?
यह फैसला केंद्रीय बैंक के दिशानिर्देशों का पालन है, जो फाइनेंशियल सिस्टम को मजबूत बनाने पर जोर देता है। निष्क्रिय खाते अक्सर साइबर ठगों का शिकार बनते हैं, क्योंकि मालिक अनजाने में इन्हें भूल जाते हैं। PNB जैसे बड़े सार्वजनिक बैंक इस समस्या से जूझ रहे थे, जहां करोड़ों खाते बिना इस्तेमाल के पड़े थे। अब साफ करने का समय आ गया है। अगर आपका खाता प्रभावित है, तो बैलेंस चेक करें और तुरंत एक्शन लें।
ग्राहक सावधान रहें। देरी से नुकसान होगा न पैसा अटकेगा, न पुराना नंबर मिलेगा। अपनी ब्रांच से बात करें या ऐप खोलें। सुरक्षित बैंकिंग के लिए सक्रिय रहना ही एकमात्र उपाय है। समय रहते कदम उठाएं, वरना पछतावा ही हाथ लगेगा।
















